सहरसा। कैशियर के अभाव में वर्षों से चल रहा है उत्तर बिहार ग्रामीण बैंक, खाताधारकों को होती है परेशानी
🔼मामला-जमा निकासी बैंक बन कर रह गया महुआ बाजार उत्तर बिहार ग्रामीण बैंक।
सोनवर्षा (सहरसा) ।
सोनवर्षाराज प्रखण्ड क्षेत्र अन्तर्गत महुआ बाजार में स्थित उत्तर बिहार ग्रामीण बैंक प्यून और मैनेजर के भरोशे वर्षों से चलता आ रहा है। मिली जानकारी के अनुसार बीते वर्ष 2020 के सितम्बर माह में लॉकडाउन के क्रम में निवर्तमान कैशियर अशोक पंडित के स्थानांतरण के बाद अब तक महुआ बाजार के यूबीजीबी बैंक में उनके जगह पर दूसरे स्टाफ़ को पदस्थापित नही किया जाना सम्बंधित विभाग की लापरवाही को दर्शाता है।
जिस वजह से बैंक खताधारकोंं समेत बैंक मित्रों को भी बैंक सम्बंधित कामकाज में भाड़ी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है। बैंक में सैंकड़ों खाताधरकों के खाता का केवाईसी नही होने से खाताधारकों को बैंक से लेनदेन करने में परेशानी हो रही है। कई बार उपभोक्ता इसकी शिकायत वर्तमान में पदस्थापित बैंक प्रबंधक मदन कुमार को कर चुके है। लेकिन अश्वासन के अलावा कुछ नहींं मिलता। महुआ बाजार यूबीजीबी शाखा में सिर्फ जमा,निकासी की सुविधा किसी तरह उपलब्ध हो पा रही है। उसमें भी स्टाफ की कमी के कारण रूपये जमा तो किये जाते हैं लेकिन खाते से रूपये की निकासी में तो खाताधारकों को काफी दिक्क्त होती है।अगर कोई खाताधारक कभी बड़ी रकम इस बैंक से निकासी करना चाहता है तो उसे दो-चार दिन का इंतज़ार करना पड़ता है। जिस वजह बैंक में खाताधारकों का आना-जाना साफ कम हो चूका है।
🔼 कहतें हैं प्रबंधक--
उक्क्त बाबत महुआ बाजार यूबीजीबी शाखा के बैंक प्रबंन्धक मदन कुमार ने बताया कि कैशियर की कमी के कारण दिक्कत है। हम उपर बोलते हैं लेकिन स्टाफ अभी तक नही दिया गया है । जिस वजह से परेशानी हो रही है।
रिपोर्ट : डेस्क दैनिक आजतक।


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